भरतपुर। राजस्थान के भरतपुर जिले के छोटे से गांव धनसौटी के होनहार मुक्केबाज यश कुमार ने महज 14 वर्ष की उम्र में देश का नाम रोशन करते हुए इतिहास रच दिया है। उज्बेकिस्तान के ताशकंद में आयोजित जूनियर एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप में यश ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
33 किलोग्राम भार वर्ग के फाइनल मुकाबले में यश कुमार ने कजाकिस्तान के मजबूत बॉक्सर सायत राखिमबेर्दी को 4-1 से हराकर गोल्ड मेडल जीता। इस जीत के साथ ही यश जूनियर वर्ग में एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप का स्वर्ण पदक जीतने वाले राजस्थान के पहले मुक्केबाज बन गए हैं।
फाइनल मुकाबले में यश ने शुरुआत से ही आक्रामक अंदाज अपनाया और लगातार शानदार पंच लगाकर प्रतिद्वंद्वी पर दबाव बनाए रखा। उन्होंने पूरे मुकाबले में कजाकिस्तान के बॉक्सर को वापसी का मौका नहीं दिया और निर्णायक बढ़त के साथ जीत दर्ज की।
पूरे टूर्नामेंट में यश कुमार का प्रदर्शन बेहद प्रभावशाली रहा। उन्होंने अपने तीनों मुकाबले एकतरफा अंदाज में जीतकर फाइनल तक का सफर तय किया। बॉक्सिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (बीएफआई) के अनुसार, टूर्नामेंट में यश की बाउट्स सबसे प्रभावशाली मुकाबलों में शामिल रहीं।
यश की इस ऐतिहासिक उपलब्धि से भरतपुर सहित पूरे राजस्थान में खुशी की लहर है। खेल प्रेमियों और स्थानीय लोगों ने यश को भविष्य का बड़ा मुक्केबाज बताते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं।
यश कुमार की यह उपलब्धि ऐतिहासिक मानी जा रही है, क्योंकि वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत के लिए पदक जीतने वाले भरतपुर जिले के पहले मुक्केबाज बन गए हैं। उनकी सफलता से जिले सहित राजस्थान के खेल जगत में खुशी की लहर है। 🎉
इस उपलब्धि पर उनके कोच कृष्ण कुमार शर्मा और मनीषा चाहर सहित राजस्थान बॉक्सिंग संघ के सचिव डॉ. नरेंद्र निर्वाण, अध्यक्ष धीरेंद्र चौधरी, भरतपुर बॉक्सिंग संघ के अध्यक्ष भगतसिंह सूरौता, सचिव डॉ. संदीप देशवाल एवं अन्य पदाधिकारियों ने यश को बधाई शुभकामनाएं दी हैं। 💐
