भारतीय स्क्वैश के लिए वर्ष 2026 स्वर्णिम उपलब्धियों से भरा रहा है। भारतीय खिलाड़ियों ने विश्व स्तर पर शानदार प्रदर्शन करते हुए दो ऐसे कीर्तिमान स्थापित किए हैं, जिन्होंने देश के स्क्वैश इतिहास में नया अध्याय जोड़ दिया है।
सूरज कुमार चंद ने एफआईएसयू वर्ल्ड यूनिवर्सिटी स्क्वैश चैम्पियनशिप में स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रच दिया। वे इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं। उनकी इस उपलब्धि ने विश्वविद्यालय स्तर पर भारतीय स्क्वैश को नई पहचान दिलाई है।
वहीं, युवा स्टार अनहत सिंह ने विश्व जूनियर स्क्वैश चैम्पियनशिप का खिताब जीतकर एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम की। वे इस प्रतियोगिता की चैंपियन बनने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गई हैं।
[news_related_post]ये उपलब्धियाँ केवल पदक या खिताब तक सीमित नहीं हैं, बल्कि भारतीय स्क्वैश के उज्ज्वल भविष्य की नई नींव हैं। इन दोनों खिलाड़ियों की सफलता आने वाली पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी और उन्हें बड़े सपने देखने तथा उन्हें साकार करने का आत्मविश्वास देगी।
भारतीय स्क्वैश का भविष्य पहले से कहीं अधिक उज्ज्वल दिखाई दे रहा है। देश के युवा खिलाड़ी अब वैश्विक मंच पर नई ऊँचाइयों को छूने के लिए तैयार हैं।